Monday, October 23, 2017

इंसान हाथ की लकीरें नहीं बदल सकता.!!


जो मुक़द्दर में लिखा है उसे कैसे टालोगे.!
इंसान चाहे तो बदल दे दुनियां का नक्शा.!!



एक जगह आकर कमजोर पड़ा आदमी.!
इंसान हाथ की लकीरें नहीं बदल सकता.!!


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इंसान हाथ की लकीरें नहीं बदल सकता.!!

खुदा करे.!!

लेट नाईट जागना,
ऑनलाइन रहना,
ना सोना ना सोने देना.!
अज़ी अभी ये हालत,
बाद क्या करोगे,
मुर्गा पूरा हलाल करोगे.!!



लबों की हंसी यूँही तेरे मुक़द्दर में शुमार रहे.!!
खुदा की हर इनायत तुझ पर बरक़रार रहे.!!


खुश रहे हरदम हर पल यही दुआ रब्ब से.!
मौसम कोई हो तेरे आँगन यूँ ही बहार रहे.!!


मुहब्बत में अक्सर बेक़रारी बढ़ जाती है.!
जब कभी मिले तेरे चेहरे पर क़रार रहे.!!


हुस्न बदल देता रंग मौसम गुजरने बाद.!
खुदा करे तेरे हुस्न पर हरदम शबाब रहे.!!


फूल बहुत है इस बहार-ए-चमन में यारो.!
दिल एक तुझ पर”सागर“का निसार रहे.!!


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खुदा करे.!!

Motivational Manzil SMS

Jab duniya tumse jalne lage

Jab raahe mushkil lgne lage

Jab kadam dagmagane lage to,

Samjh lena ab manzil dur nahi


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Motivational Manzil SMS

Beautiful lines about zindagi me bura samay aa jaye to

कीचड़ में पैर फंस जाये तो

नल के पास जाना चाहिए,

मगर नल को देखकर

कीचड़ में नही जाना चाहिए !


इसी प्रकार..


जिन्दगी में बुरा समय आ जाये

तो पैसों का उपयोग करना चाहिए,

मगर पैसों को देखकर

बुरे रास्ते पर नही जाना चाहिए !!


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Beautiful lines about zindagi me bura samay aa jaye to

तुझे डर है कहीं तेरे घर का पता ना बता दूँ.!!

तेरे हाथों में रख दी ‘सागर‘ ने अपनी जान.!
जियाना चाहे तो जिया वरना मौत दिला दे.!!


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किसी के लिए तब बहुत मुश्किल होता है जब उसका
चाहने वाल उसी के शहर अथवा गली में रहता हो…?


अर्ज़ है:-



तेरे शहर से हूँ तेरे घर का पता भी जनता हूँ.!
कम्बख्त दिल तेरे घर जाने को नहीं मानता.!!


तुझे डर है तेरे शहर का नाम बता चुका हूँ.!
कहीं जहाँ को तेरे घर का पता ना बता दूँ.!!


अरे पागल वफ़ा करने वाले मरते-मरते भी.!
मुहब्बत को सरे बाजार रुस्वा नहीं करते.!!


किस स्कूल में टीचर है कहाँ से आती-जाती.!
सब जानता पर दूर-दूर से दीदार कर लेता.!!


हो जाए गर मुहब्बत तो यहाँ फूल भेज देना.!!
इतनी ना हो हिम्मत प्रोफइल पिक बदल लेना.!!


तेरी ख़ुशी तुझे मुबारक मुझे मेरे गम हैं प्यारे.!
दुआ यूँ ही खुशियों से तूँ लबरेज़ हो जी जाए.!!


ना बोलने की कसम तूने खाई सब जानता हूँ.!
‘सागर‘की भी कसम है कभी आवाज़ ना देगा.!!



# मेहबूब-मेहबूबा ज़माने की नज़र में अक्सर पागल ही होते हैं…


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तुझे डर है कहीं तेरे घर का पता ना बता दूँ.!!